राजस्थान पुलिस के 6000 सिपाहियों को हवलदार की फीत लगाने का समारोह

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पहली बार राजस्थान में एक साथ इतने पुलिसकर्मियों को दी गई तरक्की. फोटो : राजस्थान पुलिस

हाई कोर्ट की हरी झंडी मिलने के बाद, बुधवार को सम्पन्न हुए प्रोन्नति समारोह में राजस्थान पुलिस के छह हजार सिपाहियों को तरक्की देकर हवलदार बना दिया गया है. तय कार्यक्रम के मुताबिक समारोह राजस्थान की राजधानी पिंक सिटी जयपुर की पुलिस अकादमी में हुआ. इसमें मुख्य अतिथि के तौर पर आईं राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया और गृह मंत्री गुलाब चंद कटारिया ने पुलिस के काम की जमकर तारीफ़ की. समारोह में, नव प्रोन्नत हवलदारों को फीत लगाई गई.

चुनावी साल में, बड़े स्तर पर किये गये समारोह को जनता के धन और सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग का इस्तेमाल कर राजनीतिक लाभ लेने की मंशा से आयोजित किये जाने वाला बताते हुए इस पर रोक लगाने के लिए जनहित याचिका दाखिल की गई थी. मंगलवार को अदालत ने समारोह को इस शर्त के साथ हरी झंडी दी थी कि इस पर होने वाले खर्च का पूरा हिसाब रखा जायेगा.

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पुलिस महानिदेशक का आदेश. फोटो : राजस्थान पुलिस

ये पहला मौका है जब राजस्थान में एक साथ इतने पुलिसकर्मियों को तरक्की दी गई है. राज्य के विभिन्न इलाकों में तैनात सिपाही इस समारोह में आये और उनकी वर्दी पर फीत लगाने की पुलिस रस्म की गई. राजस्थान में भारतीय जनता पार्टी की वसुंधरा राजे सिंधिया की सरकार से पहले, पुलिसकर्मियों की तरक्की की नीति में बदलाव और प्रोन्नत पुलिसकर्मियों को फीत लगाने के उत्सव जैसा कार्यक्रम पंजाब में कैप्टन अमरिंदर सिंह की कांग्रेस सरकार ने इसी साल किया था.

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प्रमोशन समारोह की एक झलक. फोटो : राजस्थान पुलिस

पुलिसकर्मियों की तरक्की से वेतन में वृद्धि के लिए वांछित धनराशि के प्रावधान का जिक्र मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया ने 2018- 19 के बजट भाषण में भी किया था. लेकिन समारोह के आयोजन को जनधन और सरकारी मशीनरी का दुरूपयोग बताते हुए, हाई कोर्ट में जनहित याचिका डाली गई थी.

इस मौके पर अपने सम्बोधन में मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया ने कहा कि प्रोन्नति के नियमों में बदलाव किया गया है. इसके तहत 50 फ़ीसदी पद वरिष्ठता के आधार पर और बाकी परीक्षा के आधार पर भरे जायेंगे. उन्होंने राज्य में खोले गये अभय कमांड केन्द्रों के काम का ज़िक्र करते हुए पुलिस की तारीफ़ की. उन्होंने कहा कि इन केन्द्रों की वजह से अपराधियों में खौफ बड़ा है और आम लोगों में पुलिस के प्रति भरोसा बड़ा है. मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया ने राजस्थान में यौनाचार और उत्पीड़न जैसे महिलाओं के प्रति अपराधों के मामलों में आई कमी का ज़िक्र करते हुए खुशी ज़ाहिर की.