सडक हादसे के बाद फोर्च्युनर में आग लगी , एसीपी और गनमैन उसमें जिंदा जल गए

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एसीपी संदीप सिंह

पंजाब के एक युवा  सहायक पुलिस आयुक्त ( assistant commissioner of police – ACP) संदीप सिंह और उनके गनमैन परमजोत सिंह की एक भीषण सदका हादसे में दर्दनाक मौत हो गई . दोनों ही उस फोर्च्युनर कार ( fortuner car ) में ज़िंदा जल गए जब उनकी कार  सामने से आ रही  एक  स्कार्पियो से टकराई. एसीपी संदीप की कार चला रहा गुरप्रीत सिंह भी बुरी तरह घायल हो गया. हादसा शुक्रवार आधी रात के आसपास  समराला में दयालपुरा बाईपास पर हुआ.

लुधियाना ज़िले में सब डिवीज़न में  तैनात एसीपी संदीप सिंह (34 वर्ष ) और उनके गनमैन परमजोत सिंह (35) को उस वक्त गंभीर चोटें आईं, जब उनकी फॉर्च्यूनर कार की सामने से आ रही स्कॉर्पियो से टक्कर हो गई. कुछ ही देर में कार में आग लग गई . “उन्हें वाहन से बाहर निकाला गया और सरकारी अस्पताल ले जाया गया जहां उनकी मौत हो गई. उनके ड्राइवर  गुरप्रीत सिंह  को भी अस्पताल ले जाया गया और उसकी हालत स्थिर बताई गई है.  पुलिस ने बताया कि स्कॉर्पियो में सवार लोगों की अभी पहचान नहीं हो सकी है.
एसीपी लुधियाना ईस्ट के पद पर तैनात संदीप सिंह चंडीगढ़ से लौट रहे थे.

समराला के स्टेशन हाउस ऑफिसर ( SHO ) ने बताया  कि लुधियाना-चंडीगढ़ सड़क एक तरफ से चालू है क्योंकि दूसरी तरफ किसानों ने रास्ता अवरुद्ध कर दिया है.  किसान अपने गांव में प्रस्तावित बायोगैस प्लांट का विरोध करते हुए धरने पर बैठे हैं.

गनमेन परमजोत सिंह

खन्ना के पुलिस अधीक्षक सौरव जिंदल ने कहा कि एक दुखद दुर्घटना में एक युवा अधिकारी को खोना पंजाब पुलिस के लिए एक बड़ा झटका था। उन्होंने कहा कि समराला पुलिस स्टेशन में संबंधित धाराओं के तहत एक प्राथमिकी दर्ज की जा रही है और आगे की जांच की जा रही है.

एसीपी संदीप सिंह बठिंडा के रहने वाले थे और चंडीगढ़ शिफ्ट हो चुके थे.  उनके शोकाकुल परिवार में माता-पिता, पत्नी और एक छोटा बेटा है. गनमैन परमजोत सिंह फिरोजपुर का रहने वाला था और उसके परिवार में माता-पिता, पत्नी और पांच साल का बेटा है.